ऑक्सीजेनो देगा आपको मास्क से छुट्टी

अभिषेक मल्लिक

नई दिल्ली: कोरोना से लड़ने और बचने के लिए लोगों का मास्क पहनना अनिवार्य है, लेकिन कई लोगों को मास्क से परेशानी भी होती है। खसके वैसे लोग जो अस्थमा जैसी बीमारी से जूझ रहे हैं, उनको मास्क के कारण सांस लेने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए पंजाब की लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने रेस्पीरेटर ‘ऑक्सीजेनो’ बनाया है जो हवा में मौजूद 99.3 फीसद हानिकारक गैसों एवं धूलकण  को छान कर लोगों को तक स्वच्छ हवा पहुचता है साथ ही ऑक्सीजन की मात्रा को भी बढ़ाता है।

शोधकर्ताओं के मुताबिक, रेस्पीरेटर को बनाने में एल्गी का प्रयोग किया है, ताकि उसमें मौजूद सूक्ष्म जीवाणु प्रकाश संश्लेषण कर कार्बन डाइऑक्साइड एवं वायु प्रदूषण छान कर निकाल देता है और ऑक्सीजन बनाते है, जिससे इससे होकर गुजरने वाली हवा शुद्ध रहती है। चार परतों से ये बना उन लोगो के लिए ज्यादा लाभदायक है जो कोरोना मरीजों के संपर्क में रहते हैं और जिन्हें मास्क लगाने से सांस लेने में परेशानी होता है। इसका उपयोग अस्थमा से जुड़े लोगों को ठीक करने में भी किया जा सकता है। हालांकि इसकी कीमत की बात करें तो बाज़ार तक पहूंचते-पहुँचते 3600 रुपये तक होगी, लेकिन बड़े पैमाने पर इसके निर्माण के बाद इसकी कीमत तकरीबन 30-40 फीसदी तक कम हो सकती है।

लवली प्रोफेशेनल यूनिवर्सिटी के चांसलर अशोक मित्तल कहते हैं, ‘हम ऑक्सीजेनो बनाने वाली टीम की सराहना करते हैं, जिन्होंने अपनी ही एयर प्यूरीफायर तकनीक का दोबारा इस्तेमाल कर यह रेस्पीरेटर बनाया है। कभी-कभी इनोवेशन कुछ नया ही नहीं लेकर आते, बल्कि समस्याओं के समाधान में भी कारगर साबित हो सकते हैं।’

Leave a Reply

Your email address will not be published.