द्रोणाचार्य चाँदरूप दिल्ली राज्य दंगल में चैम्पियन पहलवानों का जमावड़ा

चिरौरी न्यूज़

नई दिल्ली: भारतीय कुश्ती में उँचा मुकाम रखने वाले कैप्टन चाँदरूप अखाड़े में एक बार फिर से कुश्ती की रौनक लौट रही है। ओमवीर, अशोक गर्ग, रोहताश दहिया, रमेश भूरा और धर्म वीर जैसे ओलम्पियन पैदा करने वाले अखाड़े ने छह और सात मार्च को दो दिवसीय दिल्ली स्टेट जूनियर कुश्ती चैंपियनशिप के आयोजन का बीड़ा उठाया है। चैंपियनशिप का आकर्षण आयुवर्ग के कई जाने माने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहलवान रहेंगे। चैंपियनशिप में 18से 20 साल तक के पुरुष पहलवान फ्री स्टाइल और ग्रीको रोमन में भाग लेने के पात्र होंगे। महिला पहलवानों के मुक़ाबले अन्य आकर्षण रहेंगे।

उल्लेखनीय है कि भारतीय कुश्ती में छत्रसाल स्टेडियम, गुरु हनुमान अखाड़ा, मास्टर चंदगी राम अखाड़ा, और मेजबान चाँदरूप अखाड़े की पहचान बड़ी रही है। इन अखाड़ों ने देश को महाबली सतपाल, करतार, सुदेश, प्रेमनाथ, मास्टर चंदगी राम, सुशील और योगेश्वर जैसे चैम्पियन दिए हैं और दर्जनों उभरते पहलवान अपनी बारी की प्रतीक्षा में हैं, जिनमें से कई एक दंगल में भाग ले रहे हैं। दिल्ली राज्य कुश्ती संघ के अध्यक्ष ओलम्पियन जय प्रकाश के अनुसार देश के जाने माने गुरु कैप्टन चाँदरूप की स्मृति में उनके अखाड़े पर राज्य प्रतियोगिता का आयोजन इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इस अखाड़े ने भारतीय कुश्ती में बड़ा योगदान दिया है।  कैप्टन चाँदरूप खेल प्रोत्साहन समिति के प्रमुख और दिल्ली कुश्ती के उपाध्यक्ष अमित ढाका  ने बताया कि भारतीय कुश्ती फ़ेडेरेशन के अध्यक्ष सांसद ब्रज भूषण शरण सिंह, ओलम्पिक पदक विजेता सुशील कुमार, हरियाणा कुश्ती संघ के महासचिव राज कुमार हुड्डा और अन्य कई कुश्ती हस्तियाँ उभरते पहलवानों का मनोबल बढाने के लिए मौजूद रहेंगी।

कुश्ती प्रेमी जानते हैं कि कैप्टन चाँद रूप ने अपना पूरा जीवन देश की सेवा में लगाया। पहले भारतीय फौज के अग्रिम पंक्ति के सिपाही रहे और कई  बड़ी लड़ाइयां लड़ीं।  सेवानिवृत हुए तो अखाड़ा खोला और अंतराष्ट्रीय पहलवानों की कतार लगा दी। तारीफ की बात यह है कि जीवन के लगभग दस साल उन्होने व्हील चेयर पर बैठ कर पहलवानों को गुर सिखाए।  व्हील चेयर पर ही उन्होंने अपना द्रोणाचार्य अवार्ड राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल के हाथों ग्रहण किया। अंतिम समय तक कुश्ती को समर्पित कैप्टन ने लड़ कर द्रोणाचार्य अवार्ड लिया, जिसमें उनके शिष्यों के लंबे संघर्ष का योगदान रहा।

अमित ढाका के अनुसार पुरुष फ्रीस्टाइल और ग्रीको रोमन वर्गों और महिला वर्ग में दस दस भार वर्ग के मुक़ाबले आयोजित किए जाएँगे| इस अवसर पर कुश्ती फ़ेडेरेशन के सहायक सचिव विनोद तोमर भी उपस्थित रहेंगे| अध्यक्ष ब्रज भूषण और अन्य गणमान्य हस्तियों द्वारा गुरु ख़लीफाओं और पहलवानों का सम्मान किया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published.