‘हिंदुओं का मजाक उड़ाना एक फैशन बन गया है’: पीएम मोदी ने राहुल गांधी पर पलटवार किया
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्ष और कांग्रेस के राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए एक जोशीले भाषण में कहा कि भाजपा सरकार ने ‘संतुष्टिकरण’ का पालन किया है, न कि ‘तुष्टिकरण’ का।
इस दौरान इंडिया ब्लॉक के सांसदों ने लगातार नारेबाजी की। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर बहस में भाग लेते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि हिंदुओं के खिलाफ झूठे आरोप लगाने की साजिश रची जा रही है।
राहुल गांधी ने सोमवार को भाजपा पर “हिंसा, घृणा और झूठ” फैलाने का आरोप लगाकर राजनीतिक तूफान खड़ा कर दिया, जो उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म के सिद्धांतों के खिलाफ है।
जैसे ही प्रधानमंत्री मोदी ने बोलना शुरू किया, विपक्षी सदस्यों ने ‘मणिपुर के लिए न्याय’ के नारे लगाने शुरू कर दिए और विरोध में सदन के वेल में प्रवेश कर गए।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने विपक्ष के नेता राहुल गांधी को सदस्यों को वेल में प्रवेश करने का निर्देश देने के लिए फटकार लगाई। नारों से विचलित हुए बिना प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधा और अपने 10 साल के शासन की तुलना यूपीए के दौर से की। सत्ता पक्ष की ओर से मेजें थपथपाने के बीच उन्होंने कहा, “कांग्रेस के लिए लोगों का जनादेश है कि वह जहां है, वहीं विपक्ष में बैठे।”
प्रधानमंत्री मोदी के भाषण का टॉप पॉइंट्स:
देश ने लंबे समय तक तुष्टिकरण की राजनीति देखी। हमने ‘तुष्टिकरण’ नहीं बल्कि ‘संतुष्टिकरण’ का अनुसरण किया। हमारा आदर्श वाक्य है सभी के लिए न्याय, किसी का तुष्टिकरण नहीं।
इस देश की जनता ने 2024 के चुनावों में कांग्रेस को जनादेश दिया है और इस देश का जनादेश है कि आप विपक्ष में बैठें और जब बहस खत्म हो जाए, तो चिल्लाते रहें।
राहुल गांधी के भाषण पर कटाक्ष करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “कल लोकसभा में हमने बचकाना व्यवहार देखा। राहुल भ्रष्टाचार के मामले में जमानत पर हैं, ओबीसी समुदाय का अपमान करने के लिए दोषी हैं और कई मानहानि के मामलों का सामना कर रहे हैं। आज देश उनसे कह रहा है, तुमसे न हो पाएगा।”
भ्रष्टाचार के प्रति हमारी जीरो टॉलरेंस नीति के लिए देश ने हमें आशीर्वाद दिया है। आज दुनिया भर में भारत की साख बढ़ी है… हमारी हर नीति, हर निर्णय, हर कार्य का एकमात्र उद्देश्य ‘भारत पहले’ रहा है। अगर हम 2014 के उन दिनों को याद करें तो हमें एहसास होगा कि हमारे देश के लोगों का आत्मविश्वास खत्म हो गया था। देश निराशा की खाई में डूब गया था। मैं 2047 के ‘विकसित भारत’ की योजना के लिए 24X7 काम करूंगा। हमारे तीसरे कार्यकाल का मतलब है कि हम तीन गुना गति से काम करेंगे, हम तीन गुना ऊर्जा लगाएंगे।
संविधान को सिर पर रखकर नाचने वालों ने इसे जम्मू-कश्मीर में लागू करने की हिम्मत नहीं की, उन्होंने बीआर अंबेडकर का अपमान किया।
2014 से पहले एक समय था जब आतंकवादी जहाँ चाहें वहाँ आकर हमला कर सकते थे। भारत के हर कोने को निशाना बनाया जाता था और सरकारें चुपचाप बैठी रहती थीं। 2014 के बाद हिंदुस्तान के घर में घुसकर मारता है।
