अमेरिका ने ईरान पर फिर किए हवाई हमले, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ में जहाज पर हमले के बाद बढ़ा तनाव

US launches fresh airstrikes on Iran; tensions rise following attack on a ship in the Strait of Hormuz.
(File Photo)

चिरौरी न्यूज

वॉशिंगटन/तेहरान: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में एक व्यावसायिक मालवाहक जहाज पर हमले के बाद अमेरिका ने शनिवार को ईरान के खिलाफ एक और बड़े सैन्य अभियान की शुरुआत की। अमेरिकी सेना के अनुसार, यह इस सप्ताह ईरान पर किया गया तीसरा सैन्य हमला है।

मालवाहक जहाज पर हमले के बाद अमेरिकी कार्रवाई

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने साइप्रस के झंडे वाले कंटेनर जहाज M/V GFS Galaxy पर उस समय हमला किया, जब वह होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजर रहा था।

हमले में जहाज पर भीषण आग लग गई और इंजन रूम को भारी नुकसान पहुंचा। CENTCOM के मुताबिक, जहाज का एक नागरिक चालक दल का सदस्य लापता है और जहाज अपनी यात्रा जारी रखने की स्थिति में नहीं है।

CENTCOM ने अपने बयान में कहा कि पहले भी व्यावसायिक जहाजों पर हमलों के बाद ईरान को अंतरराष्ट्रीय समझौतों का पालन करने का अवसर दिया गया था, लेकिन उसने अपनी हरकतें नहीं रोकीं।

अमेरिकी सेना ने कहा कि इन हमलों का उद्देश्य ईरान को “भारी कीमत चुकाने” के लिए मजबूर करना और उसकी उस क्षमता को कमजोर करना है, जिससे वह होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों और नागरिक नाविकों को निशाना बना रहा है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर यह सैन्य कार्रवाई की गई। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने सोशल मीडिया पर लिखा, “ईरान ने गलत फैसला लिया। अब उसे इसकी कीमत चुकानी होगी।”

ईरान में कई जगह धमाकों की खबर

अमेरिकी हमलों के बाद ईरान के कई शहरों में विस्फोटों की खबरें सामने आई हैं। स्थानीय मीडिया के अनुसार, दक्षिणी ईरान के बुशेहर, असलुयेह, चाबहार, क़ेश्म द्वीप, बंदर अब्बास, सीरिक और जास्क जैसे इलाकों में कई धमाकों की आवाजें सुनी गईं। हालांकि, इन विस्फोटों से हुए नुकसान या हताहतों को लेकर अभी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। अमेरिकी हमलों से कुछ घंटे पहले ही ईरान ने घोषणा की थी कि उसने एक बार फिर होर्मुज़ जलडमरूमध्य को बंद कर दिया है।

ईरान का कहना है कि उसकी नौसेना अब किसी भी जहाज को इस रणनीतिक समुद्री मार्ग से गुजरने की अनुमति नहीं देगी, जब तक कि क्षेत्र में अमेरिकी हस्तक्षेप समाप्त नहीं हो जाता।

होर्मुज़ जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। ऐसे में इस मार्ग के बंद होने से अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार और वैश्विक व्यापार पर बड़ा असर पड़ सकता है।

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका पर अंतरिम युद्धविराम समझौते का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे पर उन्होंने ओमान के विदेश मंत्री से मुलाकात कर समुद्री जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के उपायों पर चर्चा की।

अराघची ने यह भी आरोप लगाया कि अमेरिका ने ईरान को कच्चे तेल की बिक्री से जुड़ी रियायतें समाप्त कर समझौते की भावना का उल्लंघन किया है। अमेरिका ने इन रियायतों को होर्मुज़ जलडमरूमध्य में जहाजों पर हुए हमलों के जवाब में वापस लिया है।

अमेरिका के लगातार सैन्य हमलों और ईरान द्वारा होर्मुज़ जलडमरूमध्य बंद करने की घोषणा ने पश्चिम एशिया में तनाव को और बढ़ा दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दोनों देशों के बीच हालात जल्द नहीं सुधरे, तो इसका असर वैश्विक तेल बाजार, समुद्री व्यापार और क्षेत्रीय सुरक्षा पर व्यापक रूप से पड़ सकता है।

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