“हाफ़िज़ सईद पर मुक़दमा कब चलाएंगे?” UN में पाकिस्तान के पीएम शहबाज़ शरीफ़ से सवाल पूछा गया
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ गुरुवार को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय पहुंचे, जहां पत्रकारों ने उनसे लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के संस्थापक और नामित आतंकवादी हाफिज मोहम्मद सईद को लेकर सीधे सवाल किए। हालांकि, शहबाज शरीफ ने दोनों मौकों पर कोई जवाब नहीं दिया।
जब शहबाज शरीफ संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में प्रवेश कर रहे थे, तब पत्रकारों ने उनसे पूछा, “प्रधानमंत्री, आप आतंकवादियों को पनाह देना कब बंद करेंगे?” लेकिन उन्होंने सवाल का जवाब नहीं दिया।
बाद में, संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय से बाहर निकलते समय पत्रकारों ने दोबारा सवाल किया, “आप लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाएंगे?” इस सवाल पर भी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
26/11 मुंबई हमले में वांछित है हाफिज सईद
हाफिज मोहम्मद सईद पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के सरगोधा का रहने वाला है। भारत ने उसे गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 के तहत नामित आतंकवादी घोषित किया है। वह प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक है और 26/11 मुंबई आतंकी हमले के मामले में भारत में वांछित आरोपी है।
भारत की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने 22 अप्रैल 2025 को हुए पहलगाम आतंकी हमले की जांच में भी पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा के ऑपरेटिव्स की भूमिका का आरोप लगाया है। NIA की पूरक चार्जशीट में हाफिज मोहम्मद सईद को आरोपी नंबर 8 बनाया गया है और उस पर हमले की व्यापक साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया गया है।
UN में भारत ने पाकिस्तान पर साधा निशाना
शहबाज शरीफ के UN दौरे से एक दिन पहले भारत ने संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान को आतंकवाद और उसके आंतरिक हालात को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया दी थी।
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में जवाब देने के अपने अधिकार का इस्तेमाल करते हुए भारतीय राजनयिक क्षितिज त्यागी ने पाकिस्तान पर मुद्दों से भटकाने की रणनीति अपनाने का आरोप लगाया।
त्यागी ने कहा कि पाकिस्तान को अपनी ऊर्जा क्षेत्रीय महत्वाकांक्षाओं और सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देने के बजाय अपनी कर्ज में डूबी अर्थव्यवस्था और विकास पर ध्यान देने में लगानी चाहिए। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की मौजूदा आर्थिक स्थिति बाहरी वित्तीय मदद पर निर्भर है।
POK में नागरिकों के दमन का मुद्दा भी उठाया
भारतीय राजनयिक ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में नागरिकों की स्थिति का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने पाकिस्तान पर नागरिकों के दमन और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति में बाधा डालने के आरोपों को सामने रखा।
क्षितिज त्यागी ने कहा कि परिषद के सामने पाकिस्तान के कब्जे वाले क्षेत्र में जून से अब तक कई नागरिकों की मौत, इस्लामाबाद और रावलपिंडी में छात्रों की गिरफ्तारी तथा भोजन और दवाओं की आपूर्ति रोके जाने के आरोप रखे गए हैं।
उन्होंने पाकिस्तान की प्रतिक्रिया का उल्लेख करते हुए कहा कि जब ये मुद्दे उठाए गए, तब पाकिस्तान की ओर से “प्वाइंट ऑफ ऑर्डर” के जरिए जवाब दिया गया।
भारत ने यह भी कहा कि यदि कोई देश इस परिषद की जांच और निगरानी के सभी वस्तुनिष्ठ मानदंडों के दायरे में आता है, तो पाकिस्तान उनमें से एक है।
आतंकवाद को लेकर भारत-पाकिस्तान में बढ़ी बयानबाजी
हाफिज सईद को लेकर संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में शहबाज शरीफ से पूछे गए सवाल ऐसे समय में सामने आए हैं, जब भारत लगातार पाकिस्तान पर सीमा पार आतंकवाद को लेकर आरोप लगाता रहा है। दूसरी ओर, पाकिस्तान भारत के आरोपों को खारिज करता रहा है।
UN में हालिया बयानबाजी से एक बार फिर दोनों देशों के बीच आतंकवाद, कश्मीर और क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर जारी कूटनीतिक तनाव सामने आया है।
