फ्लाईदुबई फ्लाइट में बड़ा हादसा टला, भारतीय मूल के कप्तान ने बचाई 180 लोगों की जान

चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कथित तौर पर विमान के ओमानी सह-पायलट ने मुख्य पायलट पर चाकू से हमला कर दिया। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक, भारतीय मूल के पायलट ने हमलावर का मुकाबला किया और विमान को दुर्घटनाग्रस्त होने से बचाने में अहम भूमिका निभाई। विमान में 180 से अधिक यात्री सवार थे, जिनमें बड़ी संख्या में इजरायली नागरिक बताए जा रहे हैं।
इजरायली मीडिया Ynet News और Channel 12 की रिपोर्टों में पायलट को भारतीय मूल का बताया गया है। कुछ मीडिया रिपोर्टों में बाद में उसकी पहचान कैप्टन स्मित मच्छर के रूप में की गई। बताया गया है कि वह गुजरात से हैं और उन्हें विमान उड़ाने का एक दशक से अधिक का अनुभव है। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, वह पहले SpiceJet में भी काम कर चुके हैं।
कॉकपिट में हुआ कथित हमला
भारत Today TV से बातचीत में i24NEWS के डिप्लोमैटिक कॉरेस्पॉन्डेंट गाइ अज़्रीएल ने कहा कि शुरुआती जांच के अनुसार सह-पायलट ओमान का नागरिक था और उसने मुख्य पायलट पर चाकू से हमला किया।
इजरायली अधिकारियों के हवाले से सामने आई रिपोर्टों में घटना को बेहद गंभीर बताया गया है। एक अधिकारी के अनुसार, हमलावर ने विमान को जमीन से टकराने या विमान को हाईजैक करने की कोशिश की हो सकती है। हालांकि, घटना की पूरी परिस्थितियों और हमले के मकसद की आधिकारिक जांच जारी है।
एक यात्री के मुताबिक, कॉकपिट से चीख-पुकार सुनाई देने के बाद कुछ यात्री वहां पहुंचे। उन्होंने कॉकपिट के अंदर काफी खून देखा और हमलावर को पकड़ने में मदद की।
यात्री के अनुसार, विमान उस समय तेजी से नीचे जा रहा था। कुछ यात्रियों ने कॉकपिट में मौजूद अन्य पायलटों से विमान का नियंत्रण संभालने को कहा। आखिरकार हमलावर को कॉकपिट से हटाया गया और विमान का नियंत्रण फिर से संभाल लिया गया।
घायल पायलट की हालत गंभीर
रिपोर्टों के मुताबिक, चाकू से घायल पायलट की हालत गंभीर थी। विमान में मौजूद एक इजरायली यात्री ने बताया कि एक दंत चिकित्सक ने घायल पायलट को प्राथमिक चिकित्सा दी, जिससे उसकी जान बचाने में मदद मिली।
एक यात्री की मां ने AFP को बताया कि उनकी बेटी ने सऊदी अरब से फोन कर घटना की जानकारी दी थी। उसके मुताबिक, यात्रियों ने पायलटों के बीच चीख-पुकार सुनी थी और बाद में कुछ लोग कॉकपिट में मदद के लिए पहुंचे।
ओमानी सह-पायलट की जांच
घटना के बाद इजरायली अधिकारी इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि ओमानी नागरिक को इजरायल जाने वाली उड़ान में काम करने और देश में प्रवेश की अनुमति कैसे मिली। रिपोर्टों के अनुसार, विदेशी क्रू सदस्यों की सुरक्षा जांच की जाती है, खासकर अरब और खाड़ी देशों से आने वाले कर्मचारियों की।
कुछ इजरायली मीडिया रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि सह-पायलट ने एयरलाइन के साथ एक साल से कम समय पहले काम शुरू किया था। उसके संभावित दोहरी नागरिकता रखने की भी जांच की जा रही है।
रिपोर्टों के अनुसार, दोनों पायलटों को घटना के बाद सऊदी अरब के तबूक स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया। मामले की जांच जारी है और घटना के कारणों तथा हमले के पीछे की मंशा को लेकर आधिकारिक निष्कर्ष का इंतजार है।
