अरिजीत सिंह के प्लेबैक सिंगिंग से संन्यास का ऐलान से फैंस और इंडस्ट्री में मचा हड़कंप

Arijit Singh's announcement of his retirement from playback singing has caused a stir among fans and in the industry.चिरौरी न्यूज

मुंबई: प्रसिद्ध गायक और दो बार के राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता अरिजीत सिंह ने मंगलवार रात एक सोशल मीडिया पोस्ट के ज़रिए प्लेबैक सिंगिंग से संन्यास लेने का ऐलान कर अपने फैंस और म्यूज़िक इंडस्ट्री को चौंका दिया। नए साल की शुभकामनाओं के साथ किया गया यह ऐलान उनके चाहने वालों के लिए किसी सदमे से कम नहीं रहा।

यह फैसला ऐसे समय पर सामने आया है, जब हाल ही में सलमान खान स्टारर फिल्म ‘बैटल ऑफ गलवान’ के लिए अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल द्वारा गाया गया गीत ‘मातृभूमि’ गणतंत्र दिवस से पहले सोशल मीडिया पर रिलीज़ हुआ था।

अरिजीत सिंह के इस अचानक फैसले के पीछे की वजह ने कई लोगों को हैरान कर दिया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कथित निजी X (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट के स्क्रीनशॉट्स में गायक ने अपने निर्णय पर खुलकर बात की है।

पोस्ट में अरिजीत सिंह ने लिखा, “इसके पीछे कोई एक वजह नहीं है, बल्कि कई कारण हैं। मैं काफी समय से ऐसा करने की कोशिश कर रहा था, लेकिन अब जाकर हिम्मत जुटा पाया हूं। मैं बहुत जल्दी बोर हो जाता हूं, यही वजह है कि मैं एक ही गाने को अलग-अलग अंदाज़ में गाता हूं। सच कहूं तो मैं इससे ऊब गया हूं।”

फिल्मों में अरिजीत सिंह का सफर

अरिजीत सिंह का फिल्मी सफर आसान नहीं रहा। उन्होंने 2005 में रियलिटी शो ‘फेम गुरुकुल’ से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां वह फिनाले से पहले ही बाहर हो गए थे।

साल 2010 में उन्होंने तेलुगु फिल्म ‘केडी’ से प्लेबैक सिंगिंग में डेब्यू किया, लेकिन बॉलीवुड में उन्हें पहचान 2011 में फिल्म ‘मर्डर 2’ के गीत ‘फिर मोहब्बत करने चला है दिल’ से मिली। हालांकि, उनका असली ब्रेकथ्रू 2013 में आई सुपरहिट फिल्म ‘आशिकी 2’ से हुआ।

अब तक अरिजीत सिंह 800 से ज्यादा गानों को अपनी आवाज़ दे चुके हैं, जिनमें फिल्मी गीतों के साथ-साथ उनके सिंगल्स भी शामिल हैं। औसतन उन्होंने हर साल 50 से अधिक गाने रिकॉर्ड किए हैं। इसके अलावा, वह ‘पग्ग्लैट’ जैसी फिल्मों के लिए संगीत निर्देशन भी कर चुके हैं।

लगातार काम और थकान

बीते 15 वर्षों में शायद ही कोई साल ऐसा रहा हो, जब संगीत प्रेमियों ने अरिजीत सिंह की आवाज़ न सुनी हो। देश-विदेश में लगातार लाइव शो, टूर और रिकॉर्डिंग से भरा उनका शेड्यूल बेहद व्यस्त रहा है।

इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि अरिजीत सिंह ने करियर के शिखर, शोहरत और आर्थिक सफलता—तीनों को करीब से देखा है। लेकिन लगातार बिना रुके काम करने के बाद किसी भी कलाकार के भीतर मानसिक और रचनात्मक थकान आना स्वाभाविक है।

बॉलीवुड से अलग दुनिया

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में जन्मे अरिजीत सिंह हमेशा ग्लैमर की दुनिया से दूरी बनाए रखते आए हैं। वह न तो पार्टी कल्चर का हिस्सा रहे और न ही मीडिया से ज्यादा बातचीत करते दिखे। ज्यादातर गाने उन्होंने अपने मुर्शिदाबाद स्थित स्टूडियो में ही रिकॉर्ड किए और ज़रूरत पड़ने पर ही मुंबई का रुख किया।

उनके करीबियों का मानना है कि यही सादगी और आत्मिक जुड़ाव उनकी आवाज़ में भी साफ झलकता है।

फिलहाल, अरिजीत सिंह या उनकी टीम की ओर से भविष्य की योजनाओं को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लेकिन उनके संन्यास की खबर ने संगीत जगत में एक युग के अंत की भावना जरूर पैदा कर दी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *