T20 वर्ल्ड कप में मुंबई-अहमदाबाद पिचों पर विवाद, मोर्न मॉर्केल ने क्यूरेटर्स का किया बचाव
चिरौरी न्यूज
मुंबई: भारत के बॉलिंग कोच मोर्न मॉर्केल ने टी20 वर्ल्ड कप में वानखेड़े और नरेंद्र मोदी स्टेडियम की पिचों पर उठे सवालों के बीच क्यूरेटर्स का पूरा समर्थन किया। इन मैदानों पर हल्की नमी और ग्रिप वाली सतहों ने उच्च स्कोरिंग की उम्मीदों को तोड़ा, जिससे बल्लेबाजों को मुश्किल हुई।
वानखेड़े में नमी के कारण गेंद रुक रही थी, जबकि मोतीरा के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में ग्रिप ने स्ट्रोक प्ले कठिन बना दिया। तिलक वर्मा जैसे फ्री-फ्लोइंग बल्लेबाज भी जूझे, सूर्यकुमार यादव को एडजस्टमेंट के बाद रफ्तार पकड़नी पड़ी। मॉर्केल ने कहा कि सीजन के अंत में 200+ स्कोर वाली पिचें तैयार करना क्यूरेटर्स के लिए ‘बुरा सपना’ है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मॉर्केल बोले, “क्यूरेटर्स को सलाम, इतने लेट सीजन में भी 200+ विकेट देना आसान नहीं। प्रशंसक हाई-स्कोरिंग मैच चाहते हैं, उन पर दबाव बहुत है। वे सर्वश्रेष्ठ सतह देने के लिए कड़ी मेहनत करते हैं।”
मॉर्केल ने पिच भविष्यवाणी को क्रिकेट का सबसे कठिन हिस्सा बताया। “पिच का व्यवहार बताना मुश्किल है- नमी है या सूखी, रुकेगी या स्किड करेगी। इसलिए ऐसी टीम जरूरी जो स्थितियों को जल्दी समझ ले।” उन्होंने घरेलू सीजन से पिचों के खराब होने का मुद्दा टाला, बल्कि अनुकूलन पर जोर दिया।
“इस टूर्नामेंट में हम बल्लेबाजी-गेंदबाजी में अच्छे से सीख रहे हैं। पहले मैच में 170 वाली पिच पर जल्दबाजी की, लेकिन हर मैच से सबक मिला। यही क्रिकेट की खूबसूरती है।” रविवार को सुपर एट में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ भारत का मैच है।
