हेरा फेरी 3 अधर में: अधिकारों की लड़ाई के चलते लेखक ने छोड़ा फिल्म

चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: हेरा फेरी 3 में काफी देरी हो रही है, क्योंकि चल रहे कानूनी विवादों के बीच राइटर रोहन शंकर ने खुद को इससे अलग कर लिया है। हाल ही में एक इंटरव्यू में, शंकर ने बताया कि कोर्ट-कचहरी के मामलों की वजह से फिल्म का प्रोडक्शन अभी भी अनिश्चित है, जिससे यह प्रोजेक्ट अधर में लटका हुआ है।
News18 से बात करते हुए शंकर ने कहा, “मेरी बातचीत चल रही थी, और यह फिल्म बनने वाली थी, लेकिन कानूनी दिक्कतों की वजह से ऐसा नहीं हो पाया। उम्मीद है कि अगर हेरा फेरी 3 बनती है और अगर उसमें प्रियदर्शन सर होते हैं, तो शायद मैं भी उसमें शामिल रहूंगा।” उन्होंने डायरेक्टर प्रियदर्शन के बिज़ी शेड्यूल की ओर भी इशारा किया, जो इस समय कई फिल्मों की कमिटमेंट्स को संभाल रहे हैं।
डायरेक्टर के काम के बोझ के बारे में शंकर ने कहा, “प्रियदर्शन सर बहुत काम करते हैं। प्रियदर्शन सर और अक्षय सर दोनों ही काम के बहुत शौकीन हैं।” खबरों के मुताबिक, प्रियदर्शन हाल ही में ‘भूत बंगला’ और ‘हैवान’ की शूटिंग में व्यस्त थे, साथ ही मोहनलाल के साथ एक आने वाले प्रोजेक्ट पर भी काम कर रहे हैं, जो उनकी 100वीं फिल्म होगी।
शंकर ने इस बात पर अनिश्चितता जताई कि हेरा फेरी 3 का प्रोडक्शन कब शुरू हो पाएगा। उन्होंने कहा, “हो सकता है कि हेरा फेरी के शुरू होने से पहले ही वह पांच और फिल्में बना लें,” क्योंकि कानूनी पेचीदगियां अभी तक सुलझी नहीं हैं।
इस देरी की वजह मद्रास हाई कोर्ट में चल रहा एक कानूनी विवाद है। ‘Live and Law’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, Seven Arts International Limited ने प्रोड्यूसर फिरोज़ नाडियाडवाला के पास मौजूद अधिकारों को चुनौती दी है। उनका तर्क है कि नाडियाडवाला को मलयालम की क्लासिक फिल्म ‘रामजी राव स्पीकिंग’ (1989) का सिर्फ़ एक हिंदी रीमेक बनाने का अधिकार दिया गया था। यह रीमेक साल 2000 में रिलीज़ हुई मूल फिल्म ‘हेरा फेरी’ थी।
Seven Arts International का दावा है कि नाडियाडवाला ने अपने अधिकारों का उल्लंघन करते हुए साल 2006 में इस फिल्म का सीक्वल ‘फिर हेरा फेरी’ बनाया और तीसरी फिल्म के अधिकार भी बेच दिए। कोर्ट इस समय इस बात की समीक्षा कर रहा है कि इन दावों को देखते हुए क्या हेरा फेरी 3 का प्रोडक्शन कानूनी तौर पर आगे बढ़ाया जा सकता है या नहीं।
