जयप्रकाश गौड़ बोले: जेपी कंपनी की विरासत अब अडानी समूह के हाथों आगे बढ़ेगी
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: जयप्रकाश एसोसिएट्स लिमिटेड के संस्थापक जयप्रकाश गौड़ ने कंपनी की लंबी यात्रा, वित्तीय संकट और चल रही समाधान प्रक्रिया पर एक बयान जारी किया है। उन्होंने कहा कि 1979 से शुरू हुई यह कहानी उनके लिए सिर्फ एक कारोबार नहीं, बल्कि “भावनात्मक यात्रा” रही है।
गौड़ ने अपने बयान में बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट, जलविद्युत परियोजनाओं, सीमेंट प्लांट्स और जयपी विश टाउन, जेपी ग्रीन्स तथा जेपी स्पोर्ट्स सिटी जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं को विकसित करना उनके लिए गर्व की बात रही।
उन्होंने यह भी कहा कि पिछले कुछ वर्षों में कंपनी को वित्तीय कठिनाइयों का सामना करना पड़ा और उसे इनसॉल्वेंसी प्रक्रिया से गुजरना पड़ा। इसी दौरान गृह खरीदारों, कर्मचारियों, बैंकों और अन्य भागीदारों के साथ समाधान निकालने की कोशिश की गई।
गौड़ के अनुसार, समिति ऑफ क्रेडिटर्स और रेजोल्यूशन प्रोफेशनल ने पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से पूरी की। उन्होंने अडानी समूह और वेदांता समूह, दोनों को प्रक्रिया में भाग लेने के लिए धन्यवाद दिया।
समाचार रिपोर्ट्स के मुताबिक, अडानी समूह को जयप्रकाश एसोसिएट्स के लिए सफल बोलीदाता चुना गया है और एनसीएलटी ने मार्च 2026 में उसके रेजोल्यूशन प्लान को मंजूरी दी थी। सुप्रीम कोर्ट ने भी इस योजना पर रोक लगाने से इनकार किया था।
गौड़ ने कहा कि समिति ऑफ क्रेडिटर्स के फैसले का वह सम्मान करते हैं और उन्हें विश्वास है कि गौतम अडानी के नेतृत्व में कंपनी आगे बढ़ेगी। उन्होंने अडानी समूह को भविष्य की यात्रा के लिए शुभकामनाएँ दीं।
यह बयान ऐसे समय आया है जब जयप्रकाश एसोसिएट्स की बहु-करोड़ समाधान प्रक्रिया अपने अंतिम चरणों में है और निवेशकों व हितधारकों की निगाहें इसके क्रियान्वयन पर टिकी हैं।
