15 अगस्त पर विराट कोहली का खास रिकॉर्ड: स्वतंत्रता दिवस पर शतक जड़ने वाले एकमात्र भारतीय क्रिकेटर

चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: हर भारतीय के लिए 15 अगस्त केवल एक तारीख नहीं, बल्कि गर्व, बलिदान और आज़ादी के जज़्बे का प्रतीक है। यह वह ऐतिहासिक दिन है जब 1947 में भारत ने ब्रिटिश औपनिवेशिक शासन से मुक्ति पाई थी। हर साल, देश इस दिन को बड़े धूमधाम और देशभक्ति के उत्साह के साथ मनाता है।
लेकिन 15 अगस्त का यह दिन भारतीय क्रिकेट प्रेमियों के लिए भी एक अलग मायने रखता है, क्योंकि इसी दिन, टीम इंडिया के पूर्व कप्तान विराट कोहली ने एक ऐसा रिकॉर्ड बनाया जो आज भी अनोखा बना हुआ है।
साल 2019 में भारत वेस्टइंडीज के दौरे पर था। त्रिनिदाद के पोर्ट ऑफ स्पेन में वनडे सीरीज़ का तीसरा और अंतिम मुकाबला खेला जा रहा था। यह मैच 14 अगस्त को शुरू हुआ था, लेकिन बारिश के चलते मुकाबला 15 अगस्त की सुबह (भारतीय समयानुसार) तक चला। और यहीं रचा गया इतिहास। विराट कोहली इस दिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शतक लगाने वाले भारत के पहले और अब तक के एकमात्र क्रिकेटर बन गए।
बारिश से प्रभावित इस मैच में वेस्टइंडीज ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए 35 ओवर में 240/7 रन बनाए। इस पारी में सबसे बड़ी आतिशबाज़ी की क्रिस गेल ने, जिन्होंने मात्र 41 गेंदों में 72 रन ठोके। भारत के लिए खलील अहमद ने शानदार गेंदबाज़ी करते हुए 3 विकेट हासिल किए।
डकवर्थ-लुईस नियम के तहत भारत को 35 ओवरों में 255 रनों का संशोधित लक्ष्य मिला। विराट कोहली ने इस चुनौती को एक अवसर में बदलते हुए कप्तानी पारी खेली। उन्होंने 99 गेंदों में 14 चौकों की मदद से नाबाद 114 रन बनाए, और अपनी टीम को 15 गेंद शेष रहते 6 विकेट से जीत दिला दी। इस शतक की खास बात सिर्फ आंकड़े नहीं थे, बल्कि यह था कि यह शतक भारत के स्वतंत्रता दिवस पर आया, एक ऐसा दिन जो देश के हर नागरिक के दिल के बेहद करीब है।
कोहली की इस पारी में आत्मविश्वास, नियंत्रण और मैच को पढ़ने की कला स्पष्ट रूप से नजर आई। श्रेयस अय्यर ने भी उस मैच में 65 रनों का अहम योगदान दिया और कोहली के साथ मिलकर भारत को एक यादगार जीत दिलाई।
भारत हर साल 15 अगस्त को इसलिए मनाता है क्योंकि इसी दिन, 1947 को भारतीय स्वतंत्रता अधिनियम लागू हुआ था, जिसने लगभग 200 वर्षों के ब्रिटिश शासन को समाप्त कर भारत को एक स्वतंत्र राष्ट्र घोषित किया। इस आज़ादी के पीछे अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों, नेताओं और आम नागरिकों का त्याग, संघर्ष और बलिदान है, जिन्होंने देश को आज़ाद कराने के लिए अपने प्राणों की आहुति दी।
इस ऐतिहासिक दिन पर विराट कोहली का वह शतक भारतीय क्रिकेट इतिहास में एक खास मुकाम रखता है, एक ऐसा क्षण जब खेल और देशभक्ति एक साथ झलकती है।
