‘द केरल स्टोरी 2’ को लेकर विपुल शाह ने अनुराग कश्यप पर पलटवार किया: “क्या उनकी राय को गंभीरता से लिया जा सकता है?”
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: केरल हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच के फैसले ने शुक्रवार को फिल्म द केरल स्टोरी 2 को लेकर चल रहे विवाद को और तीखा कर दिया। याचिकाकर्ता इसके खिलाफ यह आरोप लगा रहे थे कि फिल्म राज्य केरल और उसके लोगों को नकारात्मक ढंग से स्टीरियोटाइप दिखाती है। इस्लामी धर्मांतरण और इससे जुड़े अपराधों के चार्ज में बंधी कथित घटनाओं पर आधारित इस फिल्म को रिलीज से पहले कानूनी और राजनीतिक विवादों से जूझना पड़ा था, लेकिन कोर्ट का अंतिम फैसला मेकर्स के लिए राहत भरा साबित हुआ।
कोर्ट की राय और फिल्म की रिलीज़
कोर्ट ने सीबीएफसी की रिव्यू की प्रक्रिया को ध्यान में रखते हुए फिल्म पर लगाई गई रोक को हटा दिया और इसे थिएटर में जारी होने की अनुमति दे दी। बेंच ने यह भी कहा कि ट्रेलर और टीज़र के आधार पर फिल्म की पूरी सामग्री को नेगेटिवली नहीं देखा जा सकता, जिससे निर्माताओं ने अपनी दलीलों को मजबूत माना।
इस फैसले के तुरंत बाद प्रोड्यूसर विपुल अमृतलाल शाह ने नई दिल्ली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया से बात करते हुए कन्फर्म किया कि फिल्म शाम को ही सिनेमाघरों में जाएगी। उन्होंने यह स्वीकार किया कि देरी की वजह से पहले दिन के बॉक्स ऑफिस नंबर पर असर पड़ सकता है, लेकिन फिल्म के लंबे समय के परफॉर्मेंस को लेकर वे आशावादी हैं।
शाह ने कहा, “देर से रिलीज़ होने की वजह से पहले दिन के कलेक्शन पर असर ज़रूर पड़ेगा, लेकिन अगर लोगों को फिल्म पसंद आई, तो यह टाइम ट्रेंडिंग में अपनी भरपाई कर लेगी।”
अनुराग कश्यप पर निशाना
प्रेस मीट में शाह ने फिल्ममेकर अनुराग कश्यप की टिप्पणी पर भी तीखी प्रतिक्रिया दी, जिन्होंने पहले फिल्म के ट्रेलर को “बकवास ट्रेलर” बताकर निर्माताओं को निशाने पर लिया था। कश्यप ने यह भी कहा था कि फिल्म एक तरह का प्रोपेगैंडा है। इन बातों पर जवाब देते हुए शाह ने कहा कि वे कश्यप पर व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन उनकी क्रेडिबिलिटी पर सवाल उठाना जायज़ है।
शाह ने अनुराग कश्यप की 2010 की फिल्म ‘द गर्ल इन येलो बूट्स’ का ज़िक्र करते हुए कहा कि उस फिल्म में पिता और बेटी के बीच गलत रिश्ते को दिखाया गया था। उन्होंने सवाल किया कि जो व्यक्ति ऐसे विषय को स्क्रीन पर ला सकता है, क्या उसकी उस तरह की राय को गंभीरता से लिया जा सकता है। शाह ने यह भी कहा कि डायरेक्टर कामाख्या नरयण सिंह ने यही सवाल उठाया था और उन्हें उम्मीद है कि कश्यप अगले कुछ दिनों में इस पर कोई जवाब देंगे।
विदेशों में मुश्किलें, बॉक्स ऑफिस की जांच
हालांकि फिल्म को भारत में अब कानूनी रूप से क्लियरेंस मिल गई है, लेकिन विदेशी बाज़ार में इसकी राह आसान नहीं है। द केरल स्टोरी 2 को मलेशिया, यूएई और कुछ अन्य देशों में रिलीज़ की अनुमति नहीं मिल सकी है, जहां सेंसर और समुदायिक संवेदनशीलता के कारण इसे रोक दिया गया है। इसके बाद भी विवाद खत्म नहीं हुआ है और अब सबकी नज़रें इस बात पर टिकी हैं कि बॉक्स ऑफिस पर दर्शक फिल्म को कैसा जवाब देंगे – क्या यह बहस से ज़्यादा बॉक्स ऑफिस से जीतती है या विवाद ही दर्शकों को दूर रखता है।
