कुंभ मेले की वायरल गर्ल मोनालिसा भोसले ने हाईकोर्ट का लिया सहारा, पति फरमान खान पर दर्ज केस को दी चुनौती
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: मोनालिसा एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उत्तर प्रदेश के अभिनेता फरमान खान से शादी के बाद पहले सोशल मीडिया पर “लव जिहाद” को लेकर विवाद खड़ा हुआ, वहीं अब उनकी उम्र को लेकर नया विवाद सामने आ गया है।
कुंभ मेले में माला बेचते हुए वायरल हुईं मोनालिसा भोसले ने अब इंदौर हाई कोर्ट में याचिका दायर कर अपने पति फर्मान खान के खिलाफ दर्ज अपहरण मामले को चुनौती दी है।
याचिका में मोनालिसा ने दावा किया है कि सरकारी दस्तावेजों में उनकी जन्मतिथि गलत दर्ज की गई है। रिकॉर्ड में उनका जन्म वर्ष 2009 बताया गया है, जिससे उन्हें नाबालिग माना जा रहा है। हालांकि, मोनालिसा का कहना है कि उनकी वास्तविक जन्मतिथि 1 जनवरी 2008 है और वह बालिग हैं।
बताया जा रहा है कि फिल्म शूटिंग के दौरान मोनालिसा और फर्मान खान की मुलाकात हुई थी। इसके बाद दोनों ने मार्च 2026 में केरल के एक मंदिर में स्थानीय नेताओं और पुलिस की मौजूदगी में शादी कर ली।
शादी के बाद मोनालिसा के पिता ने महेश्वर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि फर्मान खान उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर ले गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज किया।
अब मोनालिसा ने कोर्ट में अपने पति का समर्थन करते हुए कहा है कि वह अपनी मर्जी से शादी कर चुकी हैं और कानूनी रूप से वयस्क हैं। अपने दावे के समर्थन में उन्होंने आधार कार्ड और वोटर आईडी जैसे दस्तावेज भी पेश किए हैं।
याचिका में उनकी जन्मतिथि से जुड़े सभी रिकॉर्ड की निष्पक्ष जांच की मांग भी की गई है। सोशल मीडिया पर लोकप्रियता और शादी से जुड़े विवादों के कारण यह मामला काफी चर्चा में बना हुआ है।
एनसीएसटी ने मोनालिसा को बताया नाबालिग
इससे पहले National Commission for Scheduled Tribes (NCST) की जांच में मोनालिसा भोसले को नाबालिग माना गया था। जांच रिपोर्ट के बाद फर्मान खान की मुश्किलें बढ़ गईं।
महेश्वर पुलिस स्टेशन, खरगोन में उनके खिलाफ POCSO एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। जांच टीम के अनुसार, महेश्वर नगर परिषद द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र में गड़बड़ी पाई गई। वहीं, मध्य प्रदेश के महेश्वर सरकारी अस्पताल के रिकॉर्ड में मोनालिसा की जन्मतिथि 30 दिसंबर 2009 शाम 5:50 बजे दर्ज बताई गई है।
फिलहाल यह मामला इंदौर हाईकोर्ट में विचाराधीन है और पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है।
