ऑस्ट्रेलिया ने भारत के खिलाफ 3-0 से की सीरीज क्लीन स्वीप, एलिसा हीली ने विदाई मैच में ठोका तूफानी शतक

चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: ऑस्ट्रेलिया महिला क्रिकेट टीम ने बेलरिव ओवल में खेले गए तीसरे और अंतिम वनडे में भारत की महिला क्रिकेट टीम को 185 रन से हराकर तीन मैचों की सीरीज 3-0 से अपने नाम कर ली। मुकाबला 1 मार्च को ओवल में खेला गया और यह मैच ऑस्ट्रेलियाई कप्तान आलिसा हीली के लिए खास बन गया, जिन्होंने वनडे क्रिकेट को अलविदा कहते हुए विस्फोटक शतक जड़ा।
हीली की ऐतिहासिक विदाई
टीम इंडिया ने हीली को उनके आखिरी वनडे में गार्ड ऑफ ऑनर दिया। इसके बाद हीली ने 98 गेंदों पर 158 रन की तूफानी पारी खेली, जिसमें 27 चौके और 2 छक्के शामिल रहे। 161.22 के स्ट्राइक रेट से खेली गई इस पारी ने भारत के गेंदबाजों को पूरी तरह बैकफुट पर धकेल दिया।
हीली ने पहले जॉर्जिया वोल (62 रन, 52 गेंद) के साथ 104 रन की साझेदारी की, फिर बेथ मूनी के साथ तीसरे विकेट के लिए 145 रन जोड़े। मूनी ने भी शानदार शतक लगाते हुए 84 गेंदों पर नाबाद 106 रन बनाए।
एनाबेल सदरलैंड (23 रन) और निकोला कैरी (34 रन, 15 गेंद) की तेज पारियों की बदौलत ऑस्ट्रेलिया ने 50 ओवर में 7 विकेट पर 409 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया, जो ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर महिला वनडे का सर्वोच्च स्कोर है।
भारतीय गेंदबाजी पूरी तरह दबाव में नजर आई। दीप्ति शर्मा ने 10 ओवर में 90 रन दिए, जबकि श्रीचरणी और स्नेह राणा को भी महंगा साबित होना पड़ा। हीली अंततः स्नेह राणा की फुलटॉस गेंद पर रिवर्स स्वीप खेलने के प्रयास में बोल्ड हुईं।
भारत की लड़खड़ाती बल्लेबाजी
409 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत की शुरुआत बेहद खराब रही। स्मृति मंधाना बिना खाता खोले आउट हो गईं। प्रतिका रावल (27) और जेमिमा रोड्रिग्स (42) ने 54 रन जोड़े, लेकिन बड़ी पारी में तब्दील नहीं कर सकीं।
हरमनप्रीत कौर (25), हरलीन देओल (14), दीप्ति शर्मा (29) और ऋचा घोष (18) ने शुरुआत तो की, पर टिक नहीं सकीं। निचले क्रम में स्नेह राणा ने 74 गेंदों पर 44 रन बनाकर संघर्ष किया, लेकिन टीम 45.1 ओवर में 224 रन पर सिमट गई।
ऑस्ट्रेलिया की ओर से अलाना किंग ने 10-1-33-4 के घातक आंकड़े दर्ज किए। जॉर्जिया वेयरहम और एशले गार्डनर ने भी अहम विकेट चटकाए।
इस जीत के साथ मल्टी-फॉर्मेट सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने 8-4 की बढ़त बना ली है। अगला मुकाबला 6 मार्च से वाका ग्राउन्ड, पर्थ में खेले जाने वाले टेस्ट मैच से शुरू होगा। भारत के लिए यह दौरा निराशाजनक रहा, जबकि ऑस्ट्रेलिया ने एक बार फिर दिखा दिया कि घरेलू परिस्थितियों में उसे मात देना कितना कठिन है।
