भारत का बांग्लादेश दौरा फिर टल सकता है, छह मैचों की सीरीज की तारीखों पर अब भी बातचीत जारी
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: भारत का प्रस्तावित बांग्लादेश दौरा एक बार फिर टल सकता है। दोनों देशों के क्रिकेट बोर्ड के बीच छह मैचों की सीरीज की तारीखों को लेकर बातचीत अभी जारी है। फिलहाल पहला वनडे 3 सितंबर को निर्धारित है, लेकिन तारीखों को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) को अपना घरेलू क्रिकेट कैलेंडर भी लचीला रखना पड़ रहा है।
भारत को इस दौरे पर तीन वनडे और तीन टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने हैं। यह दौरा पहले अगस्त 2025 में होना था, लेकिन इसे टालकर सितंबर 2026 में निर्धारित किया गया था। हालांकि, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने अब तक कार्यक्रम की सार्वजनिक रूप से पुष्टि नहीं की है। वहीं, BCB अध्यक्ष तमीम इकबाल ने कहा है कि सीरीज को लेकर दोनों बोर्डों के बीच बातचीत अभी जारी है।
ढाका में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान तमीम ने कहा, “दोनों बोर्ड भारत सीरीज को लेकर बातचीत कर रहे हैं। तारीखों में थोड़ा बदलाव हो सकता है।”
घरेलू टूर्नामेंट भी भारत सीरीज के कारण प्रभावित
अनिश्चितता उस समय और स्पष्ट हो गई जब BCB ने अपने गेम डेवलपमेंट ट्रॉफी की घोषणा की। इसमें अंडर-17, अंडर-19 और अंडर-23 खिलाड़ियों की टीमें हिस्सा लेंगी। यह टूर्नामेंट फिलहाल 28 अगस्त से 9 सितंबर तक मीरपुर के शेर-ए-बांग्ला नेशनल क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित होना है। इस दौरान भारत के प्रस्तावित दौरे की तारीखें भी पड़ रही हैं।
हालांकि, तमीम ने स्पष्ट किया कि अगर भारत सीरीज को अंतिम रूप दिया जाता है तो घरेलू टूर्नामेंट उसके रास्ते में बाधा नहीं बनेगा। उन्होंने कहा, “यह टूर्नामेंट मीरपुर में हो रहा है, लेकिन इसे दो मिनट में बसुंधरा ग्राउंड में स्थानांतरित किया जा सकता है। अगर भारत सीरीज तय और पक्की हो जाती है तो हम उसी के अनुसार कार्यक्रम बनाएंगे।”
पहले भी कई बार बदला जा चुका है दौरा
भारत-बांग्लादेश सीरीज का कार्यक्रम पहले से ही कई बदलावों से गुजर चुका है। यह दौरा मूल रूप से अगस्त 2025 में आयोजित होना था, लेकिन इसे एक साल के लिए स्थगित कर दिया गया। इसके बाद BCB ने संशोधित कार्यक्रम जारी किया था, जिसमें ढाका और चटगांव में तीन वनडे और तीन टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले जाने थे।
BCCI की ओर से कार्यक्रम की सार्वजनिक पुष्टि नहीं होने के कारण दौरे को लेकर सवाल बने हुए हैं, खासकर तब जब प्रस्तावित शुरुआत की तारीख 3 सितंबर अब करीब आ रही है।
दोनों बोर्डों के रिश्तों में भी आई थी खटास
इस साल की शुरुआत में दोनों क्रिकेट बोर्डों के रिश्तों में भी तनाव देखने को मिला था। कोलकाता नाइट राइडर्स से जुड़े बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान के मामले के बाद दोनों पक्षों के बीच तनाव बढ़ा था। इसके बाद बांग्लादेश ने टी20 विश्व कप के लिए भारत की यात्रा करने से इनकार कर दिया था।
हालांकि, तमीम इकबाल के BCB अध्यक्ष बनने के बाद दोनों देशों के क्रिकेट संबंधों में सुधार के संकेत मिले हैं। तमीम इस महीने की शुरुआत में भारत आए थे और खबरों के मुताबिक उन्होंने बेंगलुरु स्थित BCCI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का भी दौरा किया था।
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड अब बांग्लादेश प्रीमियर लीग (BPL) के भविष्य पर भी दोबारा विचार कर रहा है। तमीम ने संकेत दिया है कि वित्तीय और प्रशासनिक समस्याओं को दूर करने की कोशिश के बीच इस साल BPL का आयोजन नहीं किया जा सकता।
तमीम ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि इस साल BPL आयोजित होगा। मैं इस तरह BPL आयोजित नहीं करना चाहता।”
पिछले दो संस्करणों में BCB को करीब 40 करोड़ बांग्लादेशी टका का नुकसान हुआ है, जो लगभग ₹31 करोड़ के बराबर है। बोर्ड अब फ्रेंचाइजी के साथ बकाया भुगतान और बैंक गारंटी से जुड़े मुद्दों पर काम कर रहा है। तमीम का कहना है कि वित्तीय मॉडल को व्यवस्थित किए बिना वह अगले सत्र के आयोजन में जल्दबाजी नहीं करना चाहते।
उन्होंने कहा, “अगर इसे सही तरीके से करने में छह, 12 या 24 महीने लगते हैं, तो मैं इतना समय दूंगा।”
फिलहाल BCB की सबसे बड़ी प्राथमिकता भारत के साथ प्रस्तावित सीरीज है। 3 सितंबर अभी भी पहले मैच की संभावित तारीख है, लेकिन जब तक दोनों बोर्ड यह तय नहीं कर लेते कि दौरा तय कार्यक्रम के अनुसार होगा या एक बार फिर आगे बढ़ाया जाएगा, तब तक बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड को अपने घरेलू कैलेंडर में लगातार बदलाव करने पड़ सकते हैं।
