अजीत अगरकर की जगह प्रज्ञान ओझा बने बीसीसीआई सेलेक्शन कमिटी के अंतरिम चेयरमैन: रिपोर्ट
चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: ऐसा लगता है कि अजीत अगरकर का BCCI (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) के सेलेक्शन कमिटी के चेयरमैन के तौर पर कार्यकाल खत्म हो गया है। क्रिकबज़ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 4 अक्टूबर को अगरकर का कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने के बाद गुवाहाटी में टीम इंडिया की सेलेक्शन मीटिंग हुई, जिसमें अगरकर शामिल नहीं हुए।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि BCCI ने भारत के पूर्व बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा से, जो पहले से ही सेलेक्शन पैनल का हिस्सा थे, फिलहाल कामकाज संभालने को कहा है। ओझा सेलेक्शन कमिटी के चेयरमैन के तौर पर स्थायी रूप से चुने जाने के लिए भी एक विकल्प के तौर पर उभरे हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, एक सूत्र ने कहा, “BCCI में कभी भी कुछ भी हो सकता है। लेकिन ओझा सभी के लिए एक स्वीकार्य उम्मीदवार लगते हैं।”
रिपोर्ट के अनुसार, प्रज्ञान ओझा अगरकर की जगह चेयरमैन बनने के लिए उम्मीदवार के तौर पर सामने आए हैं। वह एक स्वाभाविक पसंद हैं, क्योंकि मौजूदा सेलेक्शन कमिटी के सदस्यों में उन्होंने सबसे ज़्यादा 24 टेस्ट मैच खेले हैं। शिव सुंदर दास ने 23 टेस्ट खेले हैं, जबकि आरपी सिंह ने 14 और अजय रात्रा ने छह टेस्ट खेले हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, अगरकर के उत्तराधिकारी को चुनने को लेकर स्थिति अभी साफ नहीं है। यह तय होना बाकी है कि प्रज्ञान ओझा चेयरमैन बने रहेंगे या किसी नए व्यक्ति को नियुक्त किया जाएगा। हाल के हफ्तों में कई रिपोर्टों में भारत के पूर्व विकेटकीपर-बल्लेबाज पार्थिव पटेल का नाम इस भूमिका के लिए जोड़ा गया है।
खबरों के मुताबिक, सेलेक्टर इस हफ़्ते न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ होने वाली T20I, ODI और टेस्ट सीरीज़ के लिए टीम को अंतिम रूप देने के लिए बैठक करने वाले हैं। भारत न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ पांच T20I, पांच ODI और दो टेस्ट मैच खेलेगा।
आखिरकार जिसे भी मुख्य सेलेक्टर चुना जाएगा, उसे अगले साल भारत की 2027 वर्ल्ड कप टीम चुनने की बड़ी ज़िम्मेदारी निभानी पड़ सकती है। इसमें रोहित शर्मा के भविष्य से जुड़े सवालों के जवाब देना और टीम में किन ऑलराउंडरों और तेज़ गेंदबाज़ों को शामिल किया जाए, इस पर उलझन को सुलझाना शामिल होगा।
