भारत की करारी हार: न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज जीतकर भी आखिरी दो मैचों में खुल गई टीम इंडिया की पोल

चिरौरी न्यूज
नई दिल्ली: न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज में 3-0 की अजेय बढ़त हासिल करने वाली टीम इंडिया का अंत बेहद निराशाजनक रहा। सीरीज के आखिरी दो मुकाबलों में भारतीय टीम को लगातार हार का सामना करना पड़ा। रविवार, 1 नवंबर को हैमिल्टन में खेले गए पांचवें और आखिरी टी20 मुकाबले में मिचेल सैंटनर की अगुवाई वाली न्यूजीलैंड टीम ने भारत को 7 विकेट से करारी शिकस्त दी।
भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 191 रन बनाए। हालांकि, न्यूजीलैंड के सामने यह लक्ष्य भी छोटा साबित हुआ। मेजबान टीम ने टिम सीफर्ट की तूफानी पारी के दम पर महज 18 ओवर में 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। सीफर्ट ने सिर्फ 50 गेंदों में 93 रनों की शानदार पारी खेली।
इस मुकाबले में पहली बार भारतीय टीम टॉस हारी और उसे पहले बल्लेबाजी के लिए उतरना पड़ा। नई गेंद से मिल रही स्विंग और सीम के सामने भारतीय ओपनर्स पूरी तरह नाकाम नजर आए। अभिषेक शर्मा पारी की पहली ही ओवर में जैकब डफी का शिकार बने, जबकि संजू सैमसन भी ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके।
संजू सैमसन के लिए यह सीरीज बेहद निराशाजनक रही। पहले मुकाबले में 67 रनों की शानदार पारी खेलने के बाद वह लगातार चार मैचों में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। वहीं, आखिरी मुकाबले में युवा वैभव सूर्यवंशी को मौका नहीं दिए जाने पर भी सवाल उठने लगे।
ईशान किशन और श्रेयस अय्यर ने संभाली पारी
दो शुरुआती झटकों के बाद ईशान किशन और कप्तान श्रेयस अय्यर ने भारतीय पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों ने न्यूजीलैंड के गेंदबाजों पर पलटवार करते हुए तेजी से रन बनाए।
ईशान किशन ने महज 28 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। दूसरी ओर श्रेयस अय्यर ने भी शानदार बल्लेबाजी करते हुए उनका बखूबी साथ दिया। दोनों की साझेदारी की बदौलत भारत ने 10 ओवर में 111 रन बना लिए थे।
हालांकि, ड्रिंक्स ब्रेक के बाद न्यूजीलैंड ने वापसी की। ब्लेयर टिकनर और नाथन स्मिथ ने ईशान किशन और श्रेयस अय्यर को आउट कर भारतीय पारी की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया।
न्यूजीलैंड की ओर से एडम मिल्ने ने शानदार गेंदबाजी करते हुए भारतीय बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। उन्होंने अपने चार ओवर में महज 19 रन देकर चार विकेट झटके। वहीं, नाथन स्मिथ और ब्लेयर टिकनर को दो-दो सफलताएं मिलीं। भारत की टीम 20 ओवर में 191/8 रन ही बना सकी।
टिम सीफर्ट के तूफान में उड़ी टीम इंडिया
192 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक अंदाज अपनाया। फिन एलन का विकेट जल्दी गिरने के बावजूद भारतीय गेंदबाज मेजबान टीम पर दबाव बनाने में नाकाम रहे।
टिम सीफर्ट ने भारतीय गेंदबाजों की जमकर खबर ली और 50 गेंदों में 93 रन ठोक दिए। डेरिल मिचेल ने 16 गेंदों में 29 रन बनाकर उनका साथ दिया, जबकि ग्लेन फिलिप्स ने भी लगातार दूसरे मुकाबले में शानदार अर्धशतक जड़ा।
आखिरकार ग्लेन फिलिप्स ने 18वें ओवर में लगातार दो चौके लगाकर न्यूजीलैंड को 7 विकेट से जीत दिला दी।
सीरीज जीत के बावजूद टीम इंडिया के सामने बड़े सवाल
भले ही भारतीय टीम ने शुरुआती तीन मुकाबले जीतकर सीरीज अपने नाम कर ली, लेकिन आखिरी दो मैचों में मिली हार ने टीम मैनेजमेंट के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
टी20 वर्ल्ड कप 2028 को ध्यान में रखते हुए भारतीय टीम के पास प्रयोग करने और नए खिलाड़ियों को आजमाने का अच्छा मौका था। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या टीम मैनेजमेंट युवा खिलाड़ियों को पर्याप्त मौके दे रहा है? क्या द्विपक्षीय सीरीज में हार के डर से टीम के फैसले प्रभावित हो रहे हैं?
सीरीज भारत के नाम रही, लेकिन आखिरी दो मुकाबलों में मिली हार ने यह जरूर दिखा दिया कि टीम इंडिया को अपनी बल्लेबाजी, गेंदबाजी और टीम संयोजन पर गंभीरता से काम करने की जरूरत है।
