ULC स्कैम: पूर्व डीजीपी संजय पांडे पर फडणवीस-शिंदे को फंसाने का आरोप, विशेष जांच रिपोर्ट में खुलासा
चिरौरी न्यूज
मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व डीजीपी संजय पांडे पर 2021 के ULC स्कैम मामले में तत्कालीन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे को फंसाने का आरोप लगाया गया है। यह खुलासा राज्य के गृह विभाग को सौंपी गई एक विशेष जांच रिपोर्ट में हुआ है, जिसे निवर्तमान डीजीपी रश्मि शुक्ला ने अपने रिटायरमेंट से केवल चार दिन पहले सौंपा।
रिपोर्ट के अनुसार, तत्कालीन डीजीपी पांडे का उद्देश्य तत्कालीन विपक्षी नेता फडणवीस को फंसाना था। उन्होंने ठाणे के DCP लक्ष्मीकांत पाटिल और ACP सरदार पाटिल को निर्देश दिया कि 2016 के ULC स्कैम मामले में फडणवीस और शिंदे को गिरफ्तार किया जाए। आरोप है कि पांडे ने वरिष्ठ अधिकारियों पर इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए दबाव डाला।
रिपोर्ट में संजय पुनामिया द्वारा सौंपी गई एक ऑडियो क्लिप का भी उल्लेख है, जिसमें कथित तौर पर सरदार पाटिल, पांडे और लक्ष्मीकांत पाटिल के बीच फडणवीस को फंसाने की योजना पर चर्चा कैद थी।
इसके अलावा रिपोर्ट में कहा गया है कि जब संजय पुनामिया और सुनील जैन को कोपरी पुलिस स्टेशन में गिरफ्तार किया गया था, तो ठाणे में तत्कालीन DCP क्राइम लक्ष्मीकांत पाटिल ने उनसे ULC स्कैम के बारे में पूछताछ की, जबकि वे सीधे तौर पर जांच में शामिल नहीं थे। पाटिल ने कथित तौर पर पुनामिया से पूछा कि फडणवीस ने बिल्डरों से कितने पैसे वसूले, और धमकी देते हुए कहा कि फडणवीस और शिंदे को उनके बगल में बैठा देंगे।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि पाटिल ने पुनामिया और सुनील जैन को कैमरे पर बयान देने का निर्देश दिया, जिसमें फडणवीस और अन्य को फंसाया जाए। मना करने पर दोनों को जेल भेजने की धमकी दी गई।
विशेष जांच रिपोर्ट का निष्कर्ष यह है कि लक्ष्मीकांत पाटिल ने पुनामिया और जैन पर दबाव डालकर फडणवीस और शिंदे को फंसाने का प्रयास किया।
