26 हजार से ज्यादा आवेदनों में से चुने गए भारत के नए इनोवेटर्स, ‘वंदे भारतम’ ने जारी किया पहला कोहोर्ट
चिरौरी न्यूज
अहमदाबाद: देशभर में जमीनी स्तर पर इनोवेशन और उद्यमिता को बढ़ावा देने वाली पहल ‘वंदे भारतम’ ने अपने पहले कोहोर्ट के लिए 26 हजार से अधिक आवेदनों में से प्रतिभाशाली इनोवेटर्स का चयन किया है। यह पहल अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी द्वारा शुरू की गई है।
‘वंदे भारतम’ को देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आवेदन मिले। इन आवेदनों में मोबिलिटी, सस्टेनेबिलिटी, टेक्नोलॉजी, कृषि, रक्षा, स्वास्थ्य सेवा, मैन्युफैक्चरिंग और शिक्षा समेत कई क्षेत्रों से जुड़े इनोवेटिव आइडिया शामिल थे।
चयनित कोहोर्ट में देश के अलग-अलग हिस्सों, क्षेत्रों और पृष्ठभूमियों से आने वाले इनोवेटर्स शामिल हैं। इन सभी का उद्देश्य देश की समस्याओं के समाधान के लिए नए विचारों को विकसित करना, राष्ट्र निर्माण से जुड़े उद्यम खड़े करना और बड़े पैमाने पर सकारात्मक प्रभाव पैदा करना है।
‘टैलेंट हर जगह है, अवसर भी हर जगह होना चाहिए’
‘वंदे भारतम’ की शुरुआत इस विचार के साथ की गई है कि प्रतिभा देश के हर हिस्से में मौजूद है, लेकिन अवसर हर जगह समान रूप से उपलब्ध नहीं होते। इस पहल के जरिए उभरते इनोवेटर्स को अनुभवी मेंटर्स, इंडस्ट्री लीडर्स, विशेषज्ञों और कारोबार जगत से जुड़ने का अवसर दिया जाएगा।
पहल का उद्देश्य इनोवेटर्स को उनके शुरुआती चरण में पहचानना और उन्हें ऐसे लोगों और संस्थानों से जोड़ना है, जो उनके आइडिया को सफल और प्रभावशाली उद्यम में बदलने में मदद कर सकें।
पहले कोहोर्ट के चयन पर अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी ने कहा, “जब मैं इन इनोवेटर्स को देखता हूं, तो मुझे भविष्य के भारत की संभावनाएं दिखाई देती हैं। प्रतिभा की कोई भौगोलिक सीमा नहीं होती और अवसर की भी नहीं होनी चाहिए।”
उन्होंने कहा कि आने वाले वर्षों में उम्मीद है कि इस पहले कोहोर्ट के कुछ इनोवेटर्स ऐसे संस्थानों और उद्यमों का निर्माण करेंगे, जो भारत को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
मेंटरशिप से लेकर ग्रैंड फिनाले तक होगा सफर
पहले कोहोर्ट में चुने गए इनोवेटर्स को कई चरणों वाली मूल्यांकन प्रक्रिया से गुजरना होगा। इसके तहत ‘वंदे भारतम इमर्सिव वीक’ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें मेंटरशिप सेशन के साथ बिजनेस लीडर्स, उद्यमियों और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों के साथ बातचीत के अवसर मिलेंगे।
इसके बाद इनोवेटर्स का विभिन्न चरणों में मूल्यांकन किया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया का समापन 14 अगस्त को होने वाले ‘वंदे भारतम ग्रैंड फिनाले’ में होगा, जहां उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले इनोवेटर्स को सम्मानित किया जाएगा और ‘वंदे भारतम ट्रॉफी’ प्रदान की जाएगी।
सिर्फ प्रतियोगिता नहीं, राष्ट्रीय प्लेटफॉर्म बनाने की योजना
‘वंदे भारतम’ को महज एक प्रतियोगिता के तौर पर नहीं देखा जा रहा है। इस पहल का दीर्घकालिक उद्देश्य देशभर में इनोवेशन के लिए एक ऐसा राष्ट्रीय प्लेटफॉर्म तैयार करना है, जहां नए विचारों को शुरुआती स्तर पर पहचाना जा सके।
इसके जरिए खास तौर पर उन इनोवेटर्स को आगे बढ़ने का मौका देने की कोशिश की जा रही है, जो देश के पारंपरिक स्टार्टअप और उद्यमिता केंद्रों से बाहर के इलाकों से आते हैं।
पहल का लक्ष्य ऐसे इनोवेटर्स को जरूरी लोगों, संस्थानों, विशेषज्ञों और उद्योग जगत से जोड़ना है, ताकि उनके विचारों को बड़े पैमाने पर प्रभाव पैदा करने वाले उद्यमों में बदला जा सके।
